सरकारी योजना
भारत में हीट एक्शन प्लान कितने प्रभावी हैं?
जलवायु परिवर्तन से हीटवेव में हो रही बढ़ोत्तरी के लिए ज़रूरी है कि सरकार राष्ट्रीय स्तर की नीतियों में इससे निपटने के उपाय शामिल करे ताकि अर्थव्यवस्था और जनजीवन दोनों पर इससे पड़ने वाले असर को कम किया जा सके।क्या सरकारी योजनाओं की परीक्षण-प्रक्रिया पर दोबारा विचार की ज़रूरत है?
भारत में पायलट प्रोजेक्ट के ज़रिए सरकारी योजनाओं के कार्यान्वयन प्रक्रिया की व्यवहारिकता का आकलन किया जाता रहा है। यहाँ पीएम कुसुम योजना पर किसानों द्वारा मिलने वाली संभावित प्रतिक्रियाओं का पता लगाने के लिए एक एबीएम अभ्यास का आयोजन किया गया है।पंचायत के ऑनलाइन डाटाबेस को कैसे एक्सेस करें?
ऑनलाइन माध्यमों से आप घर बैठे न केवल ग्राम विकास से जुड़ी विभिन्न योजनाओं की जानकारी हासिल कर सकते हैं बल्कि दफ्तरों के अनावश्यक चक्कर लगाने से भी बच सकते हैं।आकांक्षी जिलों को सीएसआर फंड का एक सीमित हिस्सा ही मिलता है
आकांक्षी जिला कार्यक्रम का लक्ष्य देश के सबसे कम विकसित क्षेत्रों में विकास करना है लेकिन इस कार्यक्रम के तहत चुने गये जिलों में होने वाला सीएसआर निवेश सीमित है।ई-मित्र अपनी ज़िम्मेदारियां ठीक से निभाकर लोगों को सशक्त बना सकते हैं
राजस्थान के एक ई-मित्र कार्यकर्ता के जीवन का एक दिन कैसे बीतता है जब वह डिजिटल माध्यमों से सरकारी योजनाओं और ऑनलाइन सेवाओं की जानकारी देकर लोगों की मदद करता है।सार्वजनिक वितरण प्रणाली के ज़रिए ज्वार-बाजरा को आम लोगों तक पहुंचाना
भारत की सार्वजनिक वितरण प्रणाली मोटे अनाजों (ज्वार, बाजरा, रागी वग़ैरह) को आम लोगों तक पहुंचाने में कैसे मददगार हो सकती है और इस राह की चुनौतियां क्या हैं?क्यों शिक्षकों को उनके काम का पूरा श्रेय मिलना जरूरी है
शिक्षकों के काम को न केवल कम आंका जाता है बल्कि अक्सर उनकी भावनात्मक और प्रशासनिक मेहनत को महत्व नहीं दिया जाता है, इस पर ध्यान देना उनके समग्र स्वास्थ्य की बेहतरी के लिए जरूरी है।एक सरकारी स्वास्थ्य बीमा योजना, जो सबके लिए हो
केंद्र और राज्य सरकारें चाहें तो अपने सीमित आर्थिक बजट के भीतर ही गंभीर और खर्चीली बीमारियों के लिए यह नई तरह की स्वास्थ्य बीमा योजना ला सकती है और हर सामाजिक-आर्थिक वर्ग के लोग इसका फायदा उठा सकते हैं।