आदिवासी
झारखंड के पेसा नियम, मूल नियमों से कितने अलग हैं?
झारखंड पेसा नियमावली, 2025 का धारा दर धारा विश्लेषण।टिमरनी की म्यूजिक लाइब्रेरी: समानता और संवाद की नई धुन
मध्य प्रदेश के टिमरनी में चल रही अपनी तरह की एक अनोखी लाइब्रेरी न केवल संगीत को एक नए तबके तक पहुंचा रही है, बल्कि समाज के सुर भी बदल रही है।फोटो निबंध: क्यों लुप्त होने की कगार पर हैं असम की खूटियां?
कभी असम के नदी द्वीपों में अर्ध-घुमंतू पशुपालकों की ठौर रही खूटियां आज अपना अस्तित्व बचाने के लिए संघर्ष कर रही हैं।आदिवासी समूहों की एकजुट पहल: जल और जमीन पर अधिकार की मांग
आदिवासी जनजातियां भू-अधिकारों और मत्स्य पालन को लेकर संगठित हो रही हैं, ताकि अपनी पारंपरिक आजीविका को सुरक्षित रख सकें।