नागरिक संगठन
कैसे समाजसेवी संगठन अपनी कहानी सकारात्मकता से कह सकते हैं?
सामाजिक संगठनों का अपने कार्यक्रमों की पिच तैयार करते हुए सकारात्मक भाषा और उदाहरण अपनाना सोच बदलने वाला साबित होगा।समाजसेवी संस्थाएं क़ानून निर्माण की प्रक्रिया में जन-सहभागिता को कैसे संभव बनाती हैं
जन-समुदायों को कानून बनाने की प्रक्रिया में शामिल करने के लिए समाजसेवी संस्थाओं की ज़मीनी पकड़ और समझ का फायदा उठाया जा सकता है।आत्मदाह और एसिड हमले के पीड़ितों को मुख्यधारा में कैसे लाया जाए?
एसिड हमले और आत्मदाह के पीड़ितों को ऐसे पुनर्वास कार्यक्रमों की जरूरत है जिनमें समाज और वे खुद भी उन्हें उनके बदले स्वरूप में स्वीकार कर सकें।समाजसेवी संस्थाओं के लिए तकनीक से संबंधित कुछ जरूरी सुझाव
तकनीक संबंधी ज़रूरतों और चुनौतियों के मामले में समाजसेवी संस्थाओं की मदद करने वाली संस्था सीएक्सओ के कुछ सुझाव जो एनजीओ लीडर्स के काम आ सकते हैं।बुजुर्गों के लिए बनी एक हेल्पलाइन समाजसेवी संस्थाओं को विस्तार के तरीके सिखाती है
किसी कार्यक्रम को बनाना और उसे विस्तार देना चुनौतीपूर्ण काम है, यह आलेख बुजुर्गों की सहायता के लिए बनाई गई एक हेल्पलाइन के जरिए बताता है कि इन चुनौतियों से कैसे निपटा जा सकता है।गढ़चिरौली की एक युवा-आदिवासी सरपंच जो न नक्सलियों से डरती है, न पुलिस से
एक युवा-आदिवासी महिला सरपंच के जीवन का एक दिन जो अपने समुदाय को कागजी कार्रवाई करने से लेकर आपात परिस्थितियों में मदद पहुंचाने तक का काम करती है।समाजसेवी संगठन वॉलंटीयरिंग का सही इस्तेमाल कैसे कर सकते हैं?
यदि वॉलंटीयरिंग सही ढंग से की जाए तो यह समाजसेवी संगठन और स्वयंसेवकों दोनों के लिए फ़ायदेमंद होता है, इसकी शुरूआत से जुड़े कुछ सुझाव।सामाजिक व्यवहार परिवर्तन में रीति-रिवाज एक बड़ी भूमिका निभा सकते हैं
पारंपरिक प्रथाओं और रीति-रिवाजों को अक्सर आधुनिक स्वास्थ्य विज्ञान और बायोमेडिकल सुझावों से उलट अंधविश्वास की तरह देखा जाता है, लेकिन ऐसा करना सही नहीं।सोशल सेक्टर के लिए बढ़िया प्रशासन क्यों ज़रूरी है?
बढ़िया प्रशासन का मतलब केवल नियमों का पालन नहीं होता बल्कि अपने हितधारकों और सहभागियों का भरोसा हासिल करना भी होता है, इसके लिए संगठन इन पांच बातों का ध्यान रख सकते हैं।स्वयंसेवी संस्थाओं को क्यों लगता है कि नया एफसीआरए उनके मौलिक अधिकारों का हनन करता है
अप्रैल 2022 में आए FCRA (एफसीआरए) से जुड़े सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले के बारे में जानिए और समझिए कि यह स्वयंसेवी संस्थाओं को कैसे प्रभावित करता है।अपने स्वयंसेवी संस्था को मुश्किलों से दूर रखें
सीएसआर और एफ़सीआरए के नियमों का पालन करते समय स्वयंसेवी संस्थाओं को नौ बातों का ध्यान रखना चाहिए।