सलमान फहीम

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सलमान फहीम, आईडीआर के सभी डिजिटल कैंपेन व कंटेंट प्लानिंग तथा उसके प्रचार-प्रसार की जिम्मेदारी संभालते हैं। इससे पहले सलमान द लॉजीकल इंडियन हिंदी के को-फाउंडर रह चुके हैं और उन्होंने न्यूज18 के लिये सोशल मीडिया कोऑर्डिनेटर के तौर पर भी काम किया है। इसके साथ ही उन्होंने चेंज डॉट ऑर्ग में हिंदी ऑपरेशन्स को लीड करते हुए प्लेटफॉर्म की यूज़र संख्या को 10 हज़ार से बढ़ाकर 10 लाख तक पहुंचाया है।




सलमान फहीम के लेख


सुपरहीरो कॉस्टयूम पहना कुत्ता_लिंक्ड-इन का सच

January 30, 2026
लिंक्ड-इन पर जैसा दिखता है, वैसा होता नहीं है?
लिंक्ड-इन एक ऐसा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म है जो करियर के लिहाज से बहुत जरूरी है लेकिन यहां पर जो दिखाया जाता है और असल जिंदगी में जो होता है, उसमें जमीन-आसमान का अंतर होता है।
एक हिंदी फीचर फ़िल्म का प्रतिनिधि दृश्य_इम्पैक्ट

December 5, 2025
जिला ‘इम्पैक्टपुर’ में इम्पैक्ट की आंधी, तूफान और बवंडर!
जिला इम्पैक्टपुर में शिक्षा के क्षेत्र में सक्रिय संस्थाओं ने ऐसा कमाल किया कि स्कूलों की संख्या कम पड़ गई। कैसे? यहां जानिए!
बस की छत पर यात्रा करते महिला पुरुष_फील्ड ट्रिप बजट

November 7, 2025
फील्ड विजिट तो होगी लेकिन हवा में नहीं, हिसाब में
विकास सेक्टर में काम करते हुए फील्ड विजिट्स कभी कम नहीं हो सकती हैं लेकिन उनका बजट होता रहता है, इसलिए इस बार संस्थाओं से मुलाकात से ज्यादा सफर के खर्चे की चिंता है।
धूप का चश्मा लगाए दो लोग_स्टार्टअप से समाधान

September 19, 2025
सोशल सेक्टर की समस्याओं के लिए, स्टार्टअप के समाधान
क्या कभी ऐसा हुआ है कि सोशल सेक्टर की चुनौतियां और मुद्दे बताते ही किसी ने आपके सामने उनका हल ऐप, वाईफाई, एआई वगैरह से चुटकियों में निकालने का दावा रख दिया हो।
लैपटॉप पर काम करती हुई बिल्ली_वर्ल्ड कैट डे

August 8, 2025
नहीं सहेंगी, नहीं सहेंगी…सेक्टर की बिल्लियां नहीं सहेंगी​
वर्ल्ड कैट डे पर पढ़िए थकान और बर्नआउट झेलती, चिढ़चिढ़ी और ट्रीट को तरसती सोशल सेक्टर बिल्लियों की पर्सनल म्याऊं डायरी।
पुरुषों का एक समूह ऑफिस में बातचीत कर रहा है_पहचान पत्र

July 18, 2025
जब तक सूरज-चांद रहेगा, किसका-किसका नाम रहेगा?​​
बड़ी घोषणाओं की जमीनी हकीकत में अक्सर विरोधाभास नजर आता है।
मीटिंग सेमिनार ग्राफिक_पर्यावरण दिवस

June 6, 2025
सेविंग द अर्थ: वन ​​स्पीच​​ एट ए टाइम
पर्यावरण जैसे अहम मुद्दे पर काम करने वाली संस्थाओं की कथनी और करनी में अक्सर विरोधाभास नजर आता है।
फ़िल्म के एक सीन में कलाकार फोन पर बात करते हुए_अप्रेजल

March 21, 2025
अप्रेजल का महीना: क्या हुआ तेरा वादा?
अप्रेजल के महीने में संस्थाओं के कर्मचारियों की उम्मीदें सातवें आसमान पर रहती हैं। हालांकि अप्रेजल की घोषणा होते ही उन्हें आसमान से जमीन पर उतरने में ज्यादा समय नहीं लगता।