विकास सेक्टर में काम करते समय ‘बेसलाइन सर्वे’ एक ऐसा शब्द है जो अक्सर सुनने को मिलता है, खासकर उन परियोजनाओं और कार्यक्रमों में जिनका उद्देश्य लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना होता है। यह शब्द अंग्रेज़ी के दो शब्दों बेसलाइन और सर्वे से मिलकर बना है। ‘बेसलाइन’ का अर्थ है शुरुआती या आधार स्थिति, जबकि ‘सर्वे’ का अर्थ है किसी विषय या समुदाय के बारे में जानकारी एकत्र करना।
समय के साथ यह शब्द विकास क्षेत्र, सामाजिक अनुसंधान और सार्वजनिक नीति से जुड़े कामों में व्यापक रूप से इस्तेमाल होने लगा है। आज जब कोई संस्था किसी नए कार्यक्रम या पहल की शुरुआत करती है, तो ‘बेसलाइन सर्वे’ शब्द अक्सर उसकी शुरुआती तैयारियों और अध्ययन से जुड़े संदर्भों में सुनने को मिलता है।
यह शब्द विशेष रूप से गैर-सरकारी संगठनों, सरकारी योजनाओं, विकास परियोजनाओं, शोध अध्ययनों, मॉनिटरिंग एवं इवैल्यूएशन की रिपोर्टों और दानदाता संस्थाओं की चर्चाओं में प्रचलित है। परियोजना के प्रस्तावों, प्रगति की रिपोर्टों और प्रभाव के आकलन (इम्पैक्ट एसेसमेंट) से जुड़े दस्तावेज़ों में भी इसका नियमित रूप से उल्लेख किया जाता है।
बेसलाइन सर्वे का सबसे बड़ा लाभ यह है कि यह किसी कार्यक्रम के दौरान या उसके बाद होने वाले बदलावों को समझने और मापने के लिए एक संदर्भ बिंदु उपलब्ध कराता है। इसी कारण विकास क्षेत्र में इसे किसी भी परियोजना की महत्वपूर्ण शुरुआती प्रक्रिया माना जाता है।
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