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कड़े श्रम कानून कैसे बनते हैं प्रगति में बाधा?

पुलियाबाजी के इस पॉडकास्ट में जानिए कि श्रम कानूनों में आए बदलाव कौन से जरूरी सवाल उठाते हैं, जिनके जवाब तलाशा जाना महत्वपूर्ण है।

पुलियाबाज़ी के इस पॉडकास्ट में श्रम कानूनों में आए नए बदलावों पर चर्चा की गयी है। भारत में फैक्ट्री मजदूरों को किस तरह की पाबंदियों का सामना करना पड़ता है? ये अन्य देशों की तुलना में कैसी हैं? इनसे भारत में फैक्टरियों के काम-काज पर क्या असर पड़ता है? इस तरह के तमाम सवालों पर इस चर्चा में प्रोस्पेरिटी की सह संस्थापक भुवना आनंद और उनके सहयोगी प्रांजल चंद्र बात कर रहे हैं।

यह पॉडकास्ट मूलरूप से पुलियाबाज़ी पर प्रकाशित हुआ था।

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