क्षेत्र

January 14, 2026
फोटो निबंध: जलवायु अनुकूलन को नए आयाम देती नागालैंड की औरतें
नित बढ़ते तापमान में दीमापुर की महिला रेहड़ी-पटरी विक्रेता पारंपरिक ज्ञान और स्थानीय सिविल-सोसाइटी नेटवर्कों का रूख कर रही हैं। उनकी यह कोशिश शहरी अनुकूलन की एक अलग और मानवीय समझ को उभारती है।
बोका रोचिल्ल | 8 मिनट लंबा लेख
January 3, 2026
हमारे स्कूलों से क्यों नदारद है सावित्रीबाई फुले की कहानी?
क्या हमारे स्कूलों और विश्वविद्यालयों में सावित्रीबाई फुले के कद के मुताबिक उनकी बात की जाती है, उनसे हमारा परिचय बतौर देश की पहली शिक्षिका क्या हमारे स्कूलों और कॉलेजों में करवाया जाता है?
निशा भारती | 2 मिनट लंबा लेख
December 24, 2025
कॉमन्स और स्वशासन: समुदायों की भागीदारी क्यों जरूरी है
सामुदायिक संसाधनों पर चर्चा और जागरुकता बनाए रखने के लिए ग्राम-सभाओं को सशक्त बनाना और उनके एजेंडे को कॉमन्स और समुदाय की जरूरतों पर केंद्रित करना जरूरी हो गया है।
December 24, 2025
मनरेगा के बदले लाए गए ‘वीबी-जी राम जी’ विधेयक पर ज्यां द्रेज़ ने क्या कहा?
वीबी-जी राम जी विधेयक पास हो गया, इसे मनरेगा के बदले लाया गया है। विपक्ष ने इसका विरोध किया है, वहीं सरकार ने कहा है कि इससे ग्रामीण इलाकों में रोजगार के बेहतर अवसर मुहैया होंगे।
बीबीसी हिंदी | 2 मिनट लंबा लेख
December 23, 2025
सरल कोशः इंडिजिनस सीड्स
इंडिजिनस सीड्स (पारंपरिक बीज) किसानों द्वारा पीढ़ियों से संरक्षित बीज होते हैं। मौजूदा समय में विकास सेक्टर में इन्हें जलवायु सुरक्षा और सामाजिक बदलाव का आधार माना जाता है।
December 22, 2025
सतत एफपीओ का निर्माण: भारत की सहकारी समितियों से सीख
2025 की शुरुआत तक, केंद्र सरकार की योजना के तहत 10,000 किसान उत्पादक संगठनों की स्थापना की जा चुकी थी। लेकिन केवल लक्ष्य पूरा करने की जल्दबाजी एफपीओ की संरचना को कमजोर कर सकती है।
December 18, 2025
संवेदनशील विषयों पर काम करने वाले कार्यकर्ताओं को किस तरह के सहयोग की दरकार है?
संवेदनशील विषयों पर काम करने वाली संस्थाओं से जुड़े जमीनी कार्यकर्ताओं को व्यक्तिगत, पेशेवर और मानसिक स्तरों पर सहयोग और प्रशिक्षण की जरूरत होती है, इनकी पहचान और समाधान से जुड़े कुछ सुझाव।
ज्योति खांडपासोले | 7 मिनट लंबा लेख
December 16, 2025
फोटो निबंध: ‘ग्रीन टैग’ वाले एक कारखाने में श्रमिकों का सांस लेना क्यों मुहाल है?
कोटा में थर्मल प्लांट्स की फ्लाई ऐश से बनने वाली ईंटों के निर्माण में श्रमिक बिना सुरक्षा उपकरणों के जहरीली हवा में काम करने के लिए विवश हैं।
अकांक्षा चौधरी | 10 मिनट लंबा लेख
December 10, 2025
बुंदेलखंड में पानी और जाति के बीच दूरी बरकरार है
शेड्स ऑफ़ रूरल इंडिया के इस वीडियो से समझिए कि देश की सामाजिक संरचना में आधुनिक दौर में भी जातिगत भेदभाव की जड़ें कितनी गहरी हैं।
शेड्स ऑफ रूरल इंडिया | 2 मिनट लंबा लेख
December 8, 2025
फोटो निबंध: नकदी फसलों और हाईवे के बीच रंगलोंग समुदाय का संघर्ष
उत्तरी त्रिपुरा में रबर और सुपारी जैसी नकदी फसलों की बढ़ती मांग के कारण रंगलोंग समुदाय की बांस-आधारित आजीविका और जीवनशैली पर संकट गहरा रहा है।
हंसातनु रॉय | 7 मिनट लंबा लेख
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