बीते दिनों राष्ट्रीय सुरक्षा और रणनीतिक जरूरतों का हवाला देते हुए सरकार ने यूरेनियम, लिथियम सहित कई महत्त्वपूर्ण खनिजों की खनन परियोजनाओं को जनसुनवाई से छूट दे दी है।
सामुदायिक संसाधनों पर चर्चा और जागरुकता बनाए रखने के लिए ग्राम-सभाओं को सशक्त बनाना और उनके एजेंडे को कॉमन्स और समुदाय की जरूरतों पर केंद्रित करना जरूरी हो गया है।
आरटीआई अधिनियम का इस्तेमाल अक्सर राज्य स्तर के पोर्टल की सुगमता पर निर्भर होता है। प्रस्तुत हैं आरटीआई दाखिल करने के कुछ प्रभावी सुझाव, जिनसे व्यापक बदलावों की राह प्रशस्त हो सकती है।