निशा भारती दिल्ली विश्वविद्यालय में पत्रकारिता की छात्रा रही हैं और उन्होंने राजनीतिक विज्ञान में परास्नातक किया है। निशा को सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर लिखना-पढ़ना पसंद है।
क्या हमारे स्कूलों और विश्वविद्यालयों में सावित्रीबाई फुले के कद के मुताबिक उनकी बात की जाती है, उनसे हमारा परिचय बतौर देश की पहली शिक्षिका क्या हमारे स्कूलों और कॉलेजों में करवाया जाता है?